ऑस्ट्रेलिया में 16 साल से कम उम्र वालों पर यूट्यूब बैन 10 दिसंबर से। बच्चे ऑटो साइन आउट, सेफ्टी फीचर्स बंद। कानून का विरोध कर यूट्यूब मान रहा, पूरी डिटेल्स।
16 साल से नीचे वालों का यूट्यूब एक्सेस खत्म: ऑस्ट्रेलिया कानून ने क्यों तोड़ा बड़ा प्लेटफॉर्म?
ऑस्ट्रेलिया में 16 साल से कम उम्र पर यूट्यूब बैन: बच्चे 10 दिसंबर से साइन आउट, प्लेटफॉर्म ने मानी हार
दोस्तों, ऑस्ट्रेलिया दुनिया का पहला देश बन गया जो 16 साल से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया से दूर करने का सख्त कानून लागू कर रहा। यूट्यूब ने आखिरकार हार मान ली और कहा कि 10 दिसंबर से सभी अंडर-16 यूजर्स के अकाउंट ऑटोमैटिक साइन आउट हो जाएंगे। रेचल लॉर्ड, गूगल-यूट्यूब ऑस्ट्रेलिया की पब्लिक पॉलिसी मैनेजर ने ब्लॉग में लिखा – ये कदम कानून के दबाव में उठाया जा रहा। लेकिन प्लेटफॉर्म का कहना है कि ये बच्चों की सेफ्टी को नुकसान पहुंचाएगा। आइए समझें पूरा मामला।
ऑस्ट्रेलिया पार्लियामेंट ने 2024 के आखिर में ये कानून पास किया। उद्देश्य बच्चों को साइबर बुलिंग, मेंटल हेल्थ प्रॉब्लम्स और प्रीडेटर्स से बचाना। eSafety कमिश्नर के मुताबिक, 11-15 साल के 50% बच्चे डेली सोशल मीडिया यूज करते। WHO डेटा: टीनएजर्स में डिप्रेशन 25% बढ़ा। कानून कहता – प्लेटफॉर्म्स को उम्र वेरिफाई करनी होगी। गलत तो जुर्माना – 50 मिलियन AUD। यूट्यूब ने पहले विरोध किया, कोर्ट चैलेंज की बात की। लेकिन अब कंप्लाय कर रहा।
क्या होगा अंडर-16 यूजर्स के साथ? स्टेप बाय स्टेप प्रोसेस
10 दिसंबर से बदलाव:
- सभी किड्स अकाउंट साइन आउट।
- व्यूअर्स गेस्ट मोड में वीडियो देख सकेंगे, लेकिन कमेंट्स, लाइक्स, सब्सक्राइब्स बंद।
- क्रिएटर्स 16 साल पूरे होने पर ही वापस एक्सेस।
- पेरेंट्स वेरिफिकेशन के जरिए अपील कर सकेंगे।
लेकिन यूट्यूब का विरोध: गेस्ट मोड में सेफ्टी टूल्स (पैरेंटल कंट्रोल्स, रिपोर्टिंग) काम नहीं करेंगे। रेचल बोलीं – रश्ड लेजिस्लेशन ने रियल कॉम्प्लेक्सिटी इग्नोर की। प्लेटफॉर्म अब गवर्नमेंट से ‘एविडेंस-बेस्ड’ रेगुलेशन मांग रहा।
यहां एक टेबल से समझें प्रभाव:
| प्रभावित यूजर | बदलाव | चुनौतियां |
|---|---|---|
| अंडर-16 व्यूअर्स | गेस्ट मोड, कोई पर्सनलाइजेशन | सेफ्टी फीचर्स बंद, अनसेफ कंटेंट |
| किड्स क्रिएटर्स | चैनल एक्सेस 16 साल बाद | इनकम लॉस, ग्रोथ रुक जाएगी |
| पेरेंट्स | वेरिफिकेशन प्रोसेस | प्राइवेसी चिंता, टेक्निकल हर्डल |
| प्लेटफॉर्म्स | उम्र चेक सिस्टम लागू | 50M AUD फाइन रिस्क |
सोर्स: ऑस्ट्रेलिया eSafety रिपोर्ट और यूट्यूब ब्लॉग।
दुनिया भर में बच्चों के लिए सोशल मीडिया रेगुलेशन्स: तुलना
ऑस्ट्रेलिया अकेला नहीं। EU DSA: 13-16 साल पर पैरेंटल कंसेंट। US COPPA: 13 साल से नीचे स्ट्रिक्ट। UK: 16 साल प्रपोज्ड। चीन: 14 साल गेमिंग लिमिट। भारत: डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन एक्ट में किड्स प्राइवेसी फोकस, लेकिन बैन नहीं। UNICEF: 1.7 बिलियन किड्स ऑनलाइन, 80% रिस्क में। स्टडीज दिखातीं – स्क्रीन टाइम >2 घंटे से एंग्जायटी बढ़ती।
लिस्ट में ग्लोबल एप्रोच:
- बैन/एज गेट: ऑस्ट्रेलिया (16), UK प्रपोज्ड।
- कंसेंट: EU (13+), US (13)।
- टाइम लिमिट: चीन (गेमिंग)।
- सेफ्टी टूल्स: यूट्यूब किड्स, टिकटॉक फैमिली पेअरिंग।
- फाइन: मिलियन्स अगर वॉयलेट।
यूट्यूब का स्टैंड: सेफ्टी पहले, लेकिन स्मार्ट तरीके से
यूट्यूब ने कहा – हम पहले से सेफ्टी पर काम कर रहे। YouTube Kids ऐप, फैमिली लिंक, एज रिस्ट्रिक्शन। 2024 में 1 बिलियन वीडियोज रिमूव। लेकिन कानून से गेस्ट मोड में रिस्क बढ़ेगा। गूगल अब गवर्नमेंट से बात कर रहा – बेटर रेगुलेशन चाहिए।
भारत के लिए सबक: क्या होगा यहां?
भारत में 40 करोड़ किड्स इंटरनेट पर। MeitY गाइडलाइंस: OTT पर किड्स कंटेंट रेटिंग। लेकिन बैन की बात नहीं। एक्सपर्ट्स कहते – इंडिया को भी उम्र वेरिफाई सिस्टम अपनाना चाहिए। लेकिन प्राइवेसी बैलेंस जरूरी।
निष्कर्ष: बच्चों की सेफ्टी vs फ्रीडम का बैलेंस
ऑस्ट्रेलिया कानून ने बहस छेड़ दी। सेफ्टी जरूरी लेकिन ओवर-रेगुलेशन से इनोवेशन रुक सकता। पैरेंट्स, गवर्नमेंट्स, प्लेटफॉर्म्स को मिलकर काम करना होगा। आपका क्या ख्याल?
5 FAQs
- ऑस्ट्रेलिया बैन कब से लागू?
10 दिसंबर 2025 से, अंडर-16 सभी साइन आउट। - यूट्यूब यूजर्स को क्या असर?
गेस्ट मोड, कोई अकाउंट फीचर्स नहीं। 16 साल बाद एक्सेस। - क्यों विरोध कर रहा यूट्यूब?
गेस्ट मोड में सेफ्टी टूल्स बंद, बच्चों को ज्यादा रिस्क। - जुर्माना कितना?
50 मिलियन AUD अगर कंप्लाय न किया। - भारत में ऐसा बैन आएगा?
अभी नहीं, लेकिन किड्स सेफ्टी गाइडलाइंस सख्त हो रही।
Leave a comment