BJP सांसद निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी के खिलाफ सब्स्टेंटिव मोशन दाखिल किया, सोरोस फाउंडेशन, USAID लिंक बताकर सदस्यता रद्द और लाइफटाइम चुनावी बैन की मांग की।
US ट्रेड डील पर बोलने का नतीजा? दुबे का मोशन रद्द करेगी क्या राहुल की MP सीट?
लोकसभा में नया बवाल: BJP सांसद का राहुल पर बड़ा हमला
11 फरवरी 2026 को लोकसभा में हंगामा मच गया जब BJP सांसद निशिकांत दुबे ने लीडर ऑफ ओपोज़िशन राहुल गांधी के खिलाफ “सब्स्टेंटिव मोशन” का नोटिस दाखिल किया। दुबे ने साफ कहा कि ये कोई प्रिविलेज मोशन नहीं, बल्कि एक इंडिपेंडेंट प्रपोज़ल है जिसमें संसद फैसला ले, राहुल की MP सदस्यता रद्द हो और वो ज़िंदगी भर चुनाव न लड़ सकें।
ये नोटिस राहुल के एक दिन पहले के स्पीच के ठीक बाद आया, जिसमें उन्होंने US-India ट्रेड डील और बजट पर केंद्र सरकार को घेरा था। दुबे ने बाहर मीडिया से कहा, “राहुल सोरोस फाउंडेशन, फोर्ड फाउंडेशन, USAID से हाथ मिलाकर थाईलैंड, कंबोडिया, वियतनाम, US जाते हैं और एंटी-इंडिया फोर्सेस के साथ मिलते हैं।”
राहुल का स्पीच: US ट्रेड डील पर तीखे सवाल
10 फरवरी को बजट डिस्कशन में राहुल ने धमाकेदार स्पीच दी। उन्होंने कहा कि ग्लोबल स्ट्रॉम के बीच US ने एनर्जी और फाइनेंशियल सिस्टम्स को वेपन बनाया है। “अमेरिका कहता है तो हम किसी देश से ऑयल न खरीदें, तो हमारी एनर्जी सिक्योरिटी खतरे में। क्या आप शर्मिंदा नहीं?” उन्होंने PM से पूछा।
ट्रेड डील पर बोले, एवरेज टैरिफ 3% से 18% हो गया – 6 गुना बढ़ा। US इम्पोर्ट्स $46 बिलियन से $146 बिलियन तक जाएंगे, बिना कोई फर्म कमिटमेंट। किसानों पर बोले, US के बड़े मैकेनाइज़्ड फार्म्स से कॉम्पिटिशन बढ़ेगा। डेटा लोकलाइज़ेशन पर कोई गारंटी नहीं, डिजिटल टैक्स लिमिट्स लगाए गए। US प्रेसिडेंट डॉनल्ड ट्रंप का नाम लेते हुए कहा, “हमें सर्वेंट की तरह बात मत करना।”
सब्स्टेंटिव मोशन क्या होता है? कैसे काम करेगा?
सब्स्टेंटिव मोशन एक सेल्फ-कंटेन्ड प्रपोज़ल है, जो संसद में डिस्कशन और वोटिंग के लिए लाया जाता है। अगर स्पीकर एडमिट करते हैं, तो हाउस डिबेट करेगा और फैसला लेगा। दुबे ने इसमें राहुल पर कई इल्ज़ाम लगाए – फॉरेन फंडिंग, एंटी-नेशनल एक्टिविटीज़, गवर्नमेंट को डिफेम करने की कोशिश।
दुबे ने कहा, “राहुल पहली बार नहीं ऐसा कर रहे। डिफेंस, फाइनेंस, कॉमर्स, एक्सटर्नल अफेयर्स – हर जगह अनफाउंडेड बातें उठाते हैं।” सोरोस को “वर्ल्डवाइड डिसटेबलाइज़र” बताया, जो क्लाइंट स्टेट्स के फायदे के लिए काम करता है।
कांग्रेस का जवाब: BJP की डिफेंस स्ट्रैटेजी
कांग्रेस ने इसे BJP की “सेल्फ-डिफेंस स्ट्रैटेजी” बताया। कहा कि राहुल ने फैक्ट्स रखे, जो BJP को चुभ गए। रेणुका चौधरी ने कहा, दुबे का मोटिव गलत है। गवर्नमेंट सोर्सेज़ बोले, प्रिविलेज मोशन पर अभी डिसीजन नहीं, लेकिन राहुल के स्पीच के अनऑथेंटिकेटेड पार्ट्स हटवाएंगे।
निशिकांत दुबे कौन हैं? पहले भी राहुल पर हमला कर चुके
झारखंड के गोड्डा से BJP सांसद दुबे संसद के फायरब्रैंड माने जाते हैं। पहले भी राहुल पर कई मोशन लाए – डिफेमेशन केस में 2023 DQ का मुद्दा उठाया। हमेशा फॉरेन फंडिंग, सोरोस लिंक्स पर बोलते हैं। उनका स्टाइल आक्रामक, मीडिया में अक्सर हेडलाइन्स बनाते हैं।
राहुल गांधी का पुराना इतिहास: DQ से वापसी
2023 में डिफेमेशन केस में राहुल को Wayanad से DQ किया गया था, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने स्टे दिया और वो Rae Bareli से MP बने। अब LoP हैं, लेकिन BJP लगातार उन पर पर्सनल अटैक करती रहती है। ये मोशन उसी चेन का हिस्सा लगता है।
US-India ट्रेड डील: असली विवाद क्या?
राहुल ने जिस डील पर सवाल उठाए, वो इंटरिम ट्रेड एग्रीमेंट है। भारत ने इम्पोर्ट्स बढ़ाने का वादा किया, लेकिन एक्सपोर्ट कमिटमेंट कम। टैरिफ बढ़े, किसानों-डेटा पर चिंता। गवर्नमेंट कहती है ये स्ट्रैटेजिक, लेकिन विपक्ष इसे “अनइक्वल” बता रहा। ट्रंप के रीइलेक्शन के बाद ये डील और हॉट टॉपिक बनी।
राजनीतिक निहितार्थ: संसद सेशन पर असर
ये मोशन अगर आगे बढ़ा तो बजट सेशन में और हंगामा होगा। स्पीकर फैसला लेंगे कि एडमिट हो या नहीं। अगर हाँ, तो डिबेट लंबी चलेगी। कांग्रेस इसे BJP का डायवर्जन टैक्टिक कह रही, BJP इसे नेशनल सिक्योरिटी इश्यू।
पब्लिक सेंटिमेंट: सोशल मीडिया गरम
ट्विटर पर #CancelRahulMembership ट्रेंड कर रहा। BJP सपोर्टर्स दुबे की तारीफ कर रहे, कांग्रेस वाले इसे ड्रामा बता रहे। राहुल के स्पीच के वीडियो वायरल, लाखों व्यूज़।
क्या होगा अगला कदम?
अभी स्पीकर का फैसला बाकी। अगर मोशन एडमिट हुआ तो हाउस कमिटी जांच करेगी। राहुल की सदस्यता रद्द होने की संभावना कम, लेकिन पॉलिटिकल डैमेज ज़्यादा। ये BJP-Rahul की पुरानी जंग को नया मोड़ देगा।
FAQs (Hindi)
- प्रश्न: निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी के खिलाफ क्या नोटिस दिया?
उत्तर: सब्स्टेंटिव मोशन, जिसमें MP सदस्यता रद्द करने और लाइफटाइम चुनाव लड़ने से बैन की मांग की। - प्रश्न: दुबे ने राहुल पर क्या इल्ज़ाम लगाए?
उत्तर: सोरोस, फोर्ड फाउंडेशन, USAID से लिंक, विदेश यात्राओं पर एंटी-इंडिया एक्टिविटीज़। - प्रश्न: राहुल ने स्पीच में US ट्रेड डील पर क्या कहा?
उत्तर: टैरिफ 6 गुना बढ़ा, US इम्पोर्ट्स $100 बिलियन बढ़ेंगे, एनर्जी वेपनाइज़्ड, किसानों को खतरा। - प्रश्न: सब्स्टेंटिव मोशन क्या है?
उत्तर: इंडिपेंडेंट प्रपोज़ल संसद में डिस्कशन-वोटिंग के लिए, प्रिविलेज मोशन से अलग। - प्रश्न: क्या राहुल की सदस्यता रद्द हो सकती है?
उत्तर: स्पीकर एडमिट करेंगे तो डिबेट होगी, लेकिन इतिहास देखें तो ऐसी मांगें मुश्किल से पास होती हैं।
- BJP vs Rahul Gandhi Parliament
- Ford Foundation USAID Rahul
- India US trade agreement criticism
- Lok Sabha Leader Opposition disqualification
- Nishikant Dubey motion
- Rahul Gandhi anti-India activities
- Rahul Gandhi foreign funding allegations
- Rahul Gandhi membership cancellation
- Rahul Soros Foundation links
- Rahul US trade deal speech
- substantive motion Lok Sabha
Leave a comment