ED ने कोल घोटाले के मामले में I-PAC के कोलकाता ऑफिस पर छापा मारा, ममता बनर्जी पहुंच गईं और कथित तौर पर दस्तावेज ले लीं। BJP ने बाधा डालने का आरोप लगाया, ED ने कलकत्ता HC में CBI जांच की मांग की। 10 जगहों पर रेड, 20 करोड़ हवाला ट्रांसफर।
कोल घोटाले का लिंक I-PAC से: ED की 10 जगहों पर रेड, ममता ने दस्तावेज ले लिए, कलकत्ता HC में हंगामा
ED का I-PAC पर छापा: कोल घोटाले का कनेक्शन
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 8 जनवरी को कोयला घोटाले और हवाला से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में देशभर के 10 ठिकानों पर छापे मारे। इनमें पश्चिम बंगाल के 6 और दिल्ली के 4 स्थान शामिल थे। छापों का केंद्र बना I-PAC (Indian Political Action Committee) का कोलकाता सॉल्टलेक ऑफिस और इसके डायरेक्टर प्रतीक जैन का लाउडन रोड वाला घर।
ED के मुताबिक, यह कार्रवाई 2020 के कोयला तस्करी केस पर आधारित है, जिसमें अनुप मज्जी उर्फ लाला के नेतृत्व में सिंडिकेट ने ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (ECL) की लीज एरिया से अवैध कोयला खोदा और बंकुरा, बर्धमान, पुरुलिया आदि जिलों के फैक्टरियों को बेचा। इस घोटाले से कमाए ‘क्राइम प्रोसीड्स’ को हवाला के जरिए I-PAC तक पहुंचाया गया, जो TMC का इलेक्शन स्ट्रैटेजिस्ट है।
ममता का दखल: ED ने लगाया बाधा डालने का आरोप
छापे के दौरान हाई ड्रामा हुआ जब पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ED टीम के बीच पहुंच गईं। ED का दावा है कि सर्च ‘पीसफुली’ चल रही थी, लेकिन ममता ने सीनियर पुलिस अधिकारियों संग जैन के घर पहुंचीं और कथित तौर पर महत्वपूर्ण दस्तावेज, लैपटॉप, मोबाइल व इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस ले लीं। फिर वे I-PAC ऑफिस गईं और वहां भी यही किया।
ED ने कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका दायर कर ममता, पुलिस अधिकारियों व अन्य पर ‘अवैध दखल’ का आरोप लगाया। एजेंसी ने CBI से FIR दर्ज कर जांच की मांग की, कहा कि यह ‘राज्य मशीनरी का टेकओवर’ था। हाईकोर्ट ने सुनवाई 14 जनवरी तक टाल दी।
BJP का हमला: ‘अभूतपूर्व बाधा’
बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता व सांसद संबित पात्रा ने भुवनेश्वर में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ममता पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा, ‘भारत में पहली बार कोई सीएम ED रेड में घुसकर सबूत चुराने की कोशिश कर रही। ममता ने I-PAC ऑफिस और जैन के घर पर दस्तावेज छीने।’
पात्रा ने इसे ‘जांच में बाधा’ बताते हुए कहा कि ED ने अनुप मज्जी के कोयला घोटाले से हवाला चेन खोजी, जो PMLA के दायरे में आता है। I-PAC का नाम आया तो छापा पड़ा। ममता का आना दिखाता है कि उन्हें ‘छिपाना’ है।
ममता का बचाव: ‘पार्टी डेटा चुराया’
ममता ने I-PAC को ‘TMC का अधिकृत IT डिपार्टमेंट’ बताया और ED पर ‘राजनीतिक बदले की कार्रवाई’ का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, ‘सुबह 6 बजे से ED ने पार्टी के डेटा, लैपटॉप, स्ट्रैटेजी, मोबाइल जब्त किए। फॉरेंसिक एक्सपर्ट ने डेटा ट्रांसफर किया। ये अपराध है।’
ममता ने कहा कि I-PAC निजी कंपनी नहीं, TMC का स्ट्रैटेजिक पार्टनर है। ED को ITR या IT डिपार्टमेंट से डेटा लेना चाहिए था। उन्होंने 9 जनवरी को कोलकाता में प्रोटेस्ट रैली निकाली, जहां समर्थकों ने BJP के खिलाफ नारे लगाए।
कोयला घोटाले का I-PAC कनेक्शन
ED के अनुसार, अनुप मज्जी के सिंडिकेट ने ECL इलाकों से कोयला चुराया। पैसे को कोलकाता के आर कांति लाल कंपनी व हवाला ऑपरेटर्स से I-PAC तक पहुंचाया। खासतौर पर 20 करोड़ रुपये 2022 गोवा असेंबली चुनावों के लिए TMC कैंपेन में इस्तेमाल हुए।
I-PAC 2019 से TMC का स्ट्रैटेजिस्ट है, जो डेटा एनालिटिक्स, कैंडिडेट सिलेक्शन, SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) जैसे काम करता है। ED ने इनके लैपटॉप, मोबाइल से पार्टी डेटा जब्त किया।
ED छापों का समयरेखा
- 28 नवंबर 2020: CBI FIR पर ED का ECIR।
- 8 जनवरी 2026: 10 जगहों पर छापे (WB:6, DL:4)।
- दोपहर: ममता जैन के घर पहुंचीं, दस्तावेज ले लीं।
- शाम: I-PAC ऑफिस पर भी दखल।
- 9 जनवरी: ED ने कलकत्ता HC में CBI जांच की याचिका। ममता ने रैली निकाली।
ED छापों के प्रमुख स्थान व जब्ती
| स्थान | विवरण | जब्ती |
|---|---|---|
| I-PAC सॉल्टलेक ऑफिस, कोलकाता | TMC स्ट्रैटेजी हब | लैपटॉप, मोबाइल, डेटा ड्राइव |
| प्रतीक जैन का लाउडन रोड घर | डायरेक्टर निवास | दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस |
| अनुप मज्जी से जुड़े ठिकाने (WB) | कोयला सिंडिकेट | हवाला रिकॉर्ड्स |
| दिल्ली के 4 स्थान | हवाला ऑपरेटर्स | फाइनेंशियल ट्रांजेक्शन डेटा |
राजनीतिक प्रभाव
यह घटना 2026 बंगाल असेंबली चुनावों से पहले BJP-TMC के बीच जंग तेज कर रही। BJP इसे ‘ममता का घबराहट’ बता रही, जबकि TMC ‘सेंट्रल एजेंसी का दुरुपयोग’। केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा, ED/CBI इनपुट पर काम करते हैं।
ED ने साफ किया कि छापे राजनीतिक नहीं, बल्कि लीगल प्रोसीजर पर आधारित। प्रतीक जैन ने भी HC में ED के खिलाफ काउंटर याचिका दायर की। मामला हाईकोर्ट में पहुंच चुका है।
5 (FAQs)
- सवाल: ED ने I-PAC पर छापा क्यों मारा?
जवाब: कोयला घोटाले में अनुप मज्जी सिंडिकेट के हवाला पैसे I-PAC तक पहुंचे, जो TMC का स्ट्रैटेजिस्ट है। 20 करोड़ गोवा चुनावों के लिए इस्तेमाल हुए। - सवाल: ममता बनर्जी ने ED छापे में क्या किया?
जवाब: ED के अनुसार, ममता जैन के घर व I-PAC ऑफिस पहुंचीं और पुलिस संग दस्तावेज, लैपटॉप ले लीं। BJP ने इसे ‘सबूत चुराना’ बताया। - सवाल: BJP ने क्या आरोप लगाया?
जवाब: संबित पात्रा ने कहा, ‘ममता ने ED जांच में अभूतपूर्व बाधा डाली, पहली बार कोई CM सबूत छिपाने पहुंचा।’ - सवाल: ED ने आगे क्या कदम उठाया?
जवाब: ED ने कलकत्ता HC में CBI जांच की मांग की, ममता व पुलिस पर अवैध दखल का आरोप लगाया। सुनवाई 14 जनवरी को। - सवाल: I-PAC का TMC से क्या रिश्ता?
जवाब: I-PAC 2019 से TMC का पॉलिटिकल कंसल्टेंसी है, जो डेटा एनालिटिक्स, कैंडिडेट लिस्ट, SIR जैसे काम करता। ED ने पार्टी डेटा जब्त किया।
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