विदेश मंत्री जयशंकर ने अमेरिकी स्टेट सेक्रेटरी मार्को रुबियो से फोन पर बात की। व्यापार, महत्वपूर्ण खनिज, न्यूक्लियर सहयोग, रक्षा और ऊर्जा पर चर्चा। दोनों ने और संपर्क जारी रखने पर सहमति जताई। भारत-अमेरिका संबंध मजबूत।
ट्रंप के स्टेट सेक्रेटरी रुबियो से जयशंकर की ‘अच्छी बातचीत’: व्यापार समझौते की उम्मीद?
जयशंकर और रुबियो की फोन वार्ता: भारत-अमेरिका संबंधों में नई गति
13 जनवरी 2026 को विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने अमेरिकी स्टेट सेक्रेटरी मार्को रुबियो के साथ फोन पर ‘अच्छी बातचीत’ की। ये कॉल ऐसे समय हुई जब भारत-अमेरिका के बीच व्यापारिक तनाव थमने के संकेत दिख रहे हैं। जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट किया, ‘रुबियो से अच्छी बातचीत खत्म हुई। व्यापार, महत्वपूर्ण खनिज, न्यूक्लियर सहयोग, रक्षा और ऊर्जा पर चर्चा। इन और अन्य मुद्दों पर संपर्क बनाए रखने को सहमत।’
ये पहली बार नहीं जब दोनों ने बात की। सितंबर 2025 में यूएनजीए साइडलाइंस पर मिले थे, जब ट्रंप ने भारत पर रूसी तेल खरीद के लिए 25% टैरिफ लगाए थे। जुलाई 2025 में क्वाड मीटिंग हुई। लेकिन जनवरी 2026 की ये कॉल खास है क्योंकि ट्रंप का दूसरा टर्म चल रहा है और रुबियो नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर भी हैं। अमेरिकी दूतावास में नया राजदूत सर्जियो गोर ने पदभार संभालते ही कहा, ‘भारत सबसे जरूरी पार्टनर। व्यापार पर कल ही कॉल होनी है।’
क्यों महत्वपूर्ण हैं ये चर्चाएं? व्यापार समझौता (बीटीए) लंबे समय से अटका है। भारत रूसी तेल खरीद रहा, अमेरिका को चुभा। लेकिन अब पॉजिटिव सिग्नल। रुबियो ने भारत के न्यूक्लियर एनर्जी बिल की तारीफ की, जिसे हाल ही पास किया। अमेरिकी कंपनियों को मौके बढ़ाने की बात। दोनों ने इंडो-पैसिफिक को फ्री और ओपन रखने पर रजामंदी जताई। रीजनल डेवलपमेंट्स पर नजर।
भारत-अमेरिका व्यापार के आंकड़े देखें तो 2025 में $190 बिलियन के करीब पहुंचा। महत्वपूर्ण खनिज जैसे लिथियम, कोबाल्ट पर भारत अमेरिका से डिपेंड करता है। इलेक्ट्रिक व्हीकल और रिन्यूएबल के लिए जरूरी। रक्षा में ड्रोन, मिसाइल डील आगे बढ़ रही। न्यूक्लियर पर सिविल एग्रीमेंट 2008 का, अब अपग्रेड। ऊर्जा में एलएनजी इंपोर्ट बढ़ा।
ट्रंप की पॉलिसी इंडिया-फर्स्ट लग रही। गोर ने कहा, ‘हम स्ट्रैटेजिक पार्टनर्स। स्ट्रेंथ, रिस्पेक्ट और लीडरशिप साथ लाएंगे।’ जयशंकर ने कहा, ‘सस्टेन्ड एंगेजमेंट जरूरी।’ अगली मीटिंग फरवरी में संभव।
पिछले सालों का सफर
- 2024: ट्रंप रीइलेक्टेड।
- 2025 जुलाई: क्वाड मीट, टैरिफ वार।
- सितंबर: यूएनजीए मिलन।
- 2026 जनवरी: फोन कॉल, पॉजिटिव वाइब्स।
मुख्य चर्चा बिंदु तालिका
चीन फेक्टर
चीन की आक्रामकता से दोनों चिंतित। इंडो-पैसिफिक में QUAD मजबूत। रुबियो ने कन्फर्म किया, फ्री नेविगेशन। भारत को डिफेंस टेक ट्रांसफर मिलेगा।
आर्थिक फायदे भारत को
- टैरिफ रिडक्शन से टेक्सटाइल, फार्मा बूस्ट।
- मिनरल्स पर चेन बन सकेगी।
- न्यूक्लियर प्लांट्स में अमेरिकी इनवेस्टमेंट।
- रक्षा खरीद आसान।
अगले कदम
भारत-अमेरिका संबंध ट्रंप 2.0 में नई ऊंचाई छू रहे। जयशंकर-रुबियो कॉल इसकी मिसाल। व्यापार से रक्षा तक साझेदारी मजबूत। आने वाले महीने रोमांचक।
5 अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
- जयशंकर और रुबियो ने किन मुद्दों पर बात की?
व्यापार, महत्वपूर्ण खनिज, न्यूक्लियर सहयोग, रक्षा और ऊर्जा। संपर्क जारी रखने पर सहमत। - ये कॉल कब हुई?
13 जनवरी 2026 को। जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट किया। - व्यापार समझौते पर क्या स्टेटस?
नेगोशिएशंस ऑनगोइंग। टैरिफ इश्यू सॉल्व होने के संकेत। - रुबियो कौन हैं?
ट्रंप के स्टेट सेक्रेटरी और नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर। - अगली मीटिंग कब?
फरवरी 2026 में संभव। सस्टेन्ड एंगेजमेंट पर फोकस।
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