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कपास-सोयाबीन किसानों पर US आयात का संकट? राहुल बोले ‘FIR कर लो, मैं हारूँगा नहीं’

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Rahul Gandhi US trade deal,
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राहुल गांधी ने भारत–US अंतरिम ट्रेड डील पर केंद्र पर हमला बोला, कहा मोदी ने किसानों को बेच दिया, DDGS-सोया आयात से फूड सिक्योरिटी खतरे में। FIR हो या प्रिविलेज मोशन, किसानों के साथ खड़े रहेंगे।

ट्रंप की जेब में मोदी? राहुल ने US डील पर खोला राज़, किसानों के साथ खड़े होने का ऐलान

राहुल गांधी का तीखा हमला: US ट्रेड डील किसानों को बेचने जैसी

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने 12 फरवरी 2026 को एक वीडियो स्टेटमेंट जारी कर केंद्र सरकार पर ज़ोरदार हमला बोला। उन्होंने भारत–अमेरिका अंतरिम ट्रेड डील को किसानों के हितों के खिलाफ बताते हुए PM मोदी पर आरोप लगाया कि उन्होंने देश के फूड सिक्योरिटी और किसानों को धोखा दिया है। राहुल ने कहा कि ये डील कपास, सोया, मक्का और फलों के किसानों को बर्बाद कर देगी क्योंकि अमेरिका के सस्ते और सब्सिडी वाले आयात बाजार में घुस आएंगे। उन्होंने चुनौती दी कि FIR कर लो, केस ठोक लो या प्रिविलेज मोशन ला लो, मैं किसानों के साथ खड़ा रहूँगा और एक इंच भी पीछे नहीं हटूँगा। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे समेत पूरी पार्टी किसानों के साथ है।

मोदी पर ट्रंप का ‘चोकहोल्ड’: राहुल का बड़ा आरोप

राहुल ने वीडियो में साफ कहा कि मोदी सरकार ने अमेरिका के साथ डील करके कृषि बाजार के दरवाजे विदेशियों के लिए खोल दिए हैं। उन्होंने दावा किया कि मोदी के गले पर चोकहोल्ड है और उनकी लगाम US प्रेसिडेंट डॉनल्ड ट्रंप के हाथों में है। अमेरिकी किसानों के पास एकड़ों बड़े मैकेनाइज्ड फार्म हैं, भारी सब्सिडी मिलती है, जबकि हमारे किसानों के छोटे प्लॉट्स हैं, MSP नहीं मिलता, मैकेनाइजेशन नाममात्र का। ऐसे में सस्ते US प्रोडक्ट्स से भारतीय किसान कैसे टिकेंगे। राहुल ने इसे ‘ब्लैक फार्म लॉज़ का अगला कदम’ बताया और कहा कि पहले अडानी-अंबानी के लिए कानून लाए, अब ट्रंप के लिए बाजार खोला।​

ट्रेड डील में क्या–क्या शामिल: किसानों पर असर

फरवरी 2026 में हुए भारत–US अंतरिम ट्रेड एग्रीमेंट में भारत ने US इंडस्ट्रियल गुड्स और कई एग्री प्रोडक्ट्स पर टैरिफ कटने का वादा किया। इसमें DDGS (ड्राय डिस्टिलर्स ग्रेन्स विद सोल्यूबल्स), रेड सोरघम (एनिमल फीड के लिए), सोया ऑयल, ट्री नट्स, फ्रेश/प्रोसेस्ड फ्रूट्स शामिल हैं। DDGS और सोरघम से मक्का, ज्वार, सोया के किसानों को नुकसान क्योंकि ये एनिमल फीड में इस्तेमाल होते हैं। सोया ऑयल आयात से महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, राजस्थान के सोया किसानों के दाम गिरेंगे, जहाँ पहले से ही सरप्लस है। गेहूँ, चावल, मक्का, रॉ सोया, डेयरी जैसे सेंसिटिव आइटम्स को बचाया गया लेकिन इंडायरेक्ट इफेक्ट्स से खतरा।

किसान संगठनों की चिंता: DDGS और सोया पर फोकस

किसान यूनियंस ने चेतावनी दी है कि DDGS आयात से सोयामील की डिमांड कम होगी, जो सोया किसानों का मुख्य बायप्रोडक्ट है। महाराष्ट्र–एमपी जैसे राज्यों में 1.3 करोड़ हेक्टेयर पर सोया उगता है, हर 100 किलो सोया से 18 किलो तेल और 82 किलो DOC निकलता है। US DDGS सस्ता और GM–फ्री क्लेम करता है, लेकिन भारतीय किसानों को नुकसान। पोल्ट्री को फायदा मिलेगा लेकिन करोड़ों किसान परेशान। RSS से जुड़े भारतीय किसान संघ ने भी सोया तेल आयात का विरोध किया। राहुल ने फार्मर्स मीटिंग की और नेशनवाइड मूवमेंट की बात की।

केंद्र सरकार का जवाब: कोई चिंता नहीं, किसान सुरक्षित

केंद्र ने राहुल के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ट्रेड डील भारत के हितों की रक्षा करती है। वाणिज्य मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि सेंसिटिव क्रॉप्स जैसे गेहूँ, चावल, दालें, डेयरी पर कोई कन्सेशन नहीं दिया। इंडस्ट्रियल गुड्स पर रिसिप्रोकेल कट्स हैं लेकिन एग्री में सावधानी बरती गई। ASG ने कहा कि सस्ते आयात से फायदा भी होगा जैसे एनिमल फीड सस्ता होकर मीट–डेयरी प्राइस कंट्रोल होगा। किसान नेता बोले कि सरप्लस प्रॉब्लम पहले से है, डील से और दबाव। सरकार ने MSP और अन्य स्कीम्स से किसानों को बचाने का भरोसा दिया।

राहुल का किसानों के साथ स्टैंड: प्रिविलेज मोशन का चैलेंज

राहुल ने X पर हिंदी में लिखा कि FIR हो जाए, केस हो या प्रिविलेज मोशन लाओ, मैं किसानों के लिए लड़ूँगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने फूड सिक्योरिटी के लिए लड़ाई लड़ी, मोदी ने धोखा दिया। अमेरिकी किसानों की तुलना में भारतीय किसान कमजोर, फिर भी बाजार खोल दिया। राहुल ने वीडियो में कहा कि देश जानता है सच्चाई, जो करना हो करो, मैं किसानों के साथ हूँ। खड़गे ने भी समर्थन दिया। विपक्ष ने संसद में हंगामा किया।

ट्रेड डील का बैकग्राउंड: ट्रंप–मोदी की डील

डोनल्ड ट्रंप की दूसरी पारी में US ने भारत पर हाई टैरिफ लगाए थे, जिसके जवाब में भारत ने भी जवाबी कदम उठाए। फरवरी 2026 में अंतरिम एग्रीमेंट से दोनों तरफ टैरिफ कटे। भारत ने US गुड्स पर ड्यूटी कम की लेकिन एग्री सेंसिटिविटी रखी। राहुल ने इसे ‘सरेंडर 2.0’ कहा। ट्रंप ने डील को अपनी जीत बताया। किसान संगठनों ने पंजाब से तमिलनाडु तक प्रोटेस्ट किए। सरकार ने कहा कि व्यापक BTA की ओर पहला कदम।​

किसानों पर लॉन्ग टर्म इफेक्ट्स: क्या होगा आगे?

सोया किसानों पर सबसे ज्यादा दबाव, क्योंकि सरप्लस पहले से है। DDGS से सोयामील डिमांड कम, तेल दाम गिरेंगे। मक्का–ज्वार किसानों को भी फीड सेक्टर में नुकसान। फ्रूट किसानों को US एप्पल–फ्रूट्स से खतरा। सरकार ने कहा कि NTB हटाएंगे लेकिन GM प्रोडक्ट्स पर सावधानी। किसान यूनियंस ने MSP गारंटी, इम्पोर्ट क्वोटा और सब्सिडी डिमांड की। राहुल ने नेशनवाइड मूवमेंट का ऐलान किया। संसद में बहस तेज़।

कांग्रेस vs BJP: राजनीतिक बैटल शुरू

कांग्रेस ने इसे ‘एंटी–फार्मर’ बताकर संसद में हंगामा किया। BJP ने राहुल को ‘ड्रामा किंग’ कहा और डील को किसान हितैषी बताया। मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि सरकार किसानों को भ्रमित कर रही। किसान नेता बोले कि राहुल का स्टैंड सही लेकिन एक्शन चाहिए। विपक्ष ने प्रिविलेज मोशन की धमकी पर चुप्पी साधी। राजनीतिक तापमान बढ़ा।

कुल मिलाकर ट्रेड डील विवाद: किसान vs सरकार

ये विवाद दिखाता है कि ट्रेड डील्स में किसानों की चिंता कितनी गहरी है। राहुल का आक्रामक स्टैंड विपक्ष को मजबूत कर रहा। सरकार को बैलेंस करना होगा – निर्यात बढ़ाना और किसानों बचाना। आगे संसद में बहस और स्ट्रीट प्रोटेस्ट्स देखने को मिलेंगे। किसान संगठन दिल्ली की ओर मार्च की योजना बना रहे।​​

FAQs (Hindi)

  1. प्रश्न: राहुल गांधी ने US ट्रेड डील पर क्या आरोप लगाया?
    उत्तर: उन्होंने कहा कि मोदी ने कपास, सोया, मक्का, फल किसानों को बेच दिया, ट्रंप के दबाव में कृषि बाजार खोल दिया।
  2. प्रश्न: ट्रेड डील में कौन–से प्रोडक्ट्स पर टैरिफ कटे?
    उत्तर: DDGS, रेड सोरघम (फीड), सोया ऑयल, ट्री नट्स, फ्रूट्स; लेकिन गेहूँ, चावल, मक्का, रॉ सोया सुरक्षित।
  3. प्रश्न: सोया किसानों पर क्या असर?
    उत्तर: सोया ऑयल आयात से दाम गिरेंगे, DDGS से सोयामील डिमांड कम; महाराष्ट्र–एमपी में सरप्लस से पहले से परेशानी।
  4. प्रश्न: केंद्र ने राहुल के आरोपों का क्या जवाब दिया?
    उत्तर: कोई चिंता नहीं, सेंसिटिव क्रॉप्स बचाए गए, एनिमल फीड सस्ता होकर पोल्ट्री को फायदा, MSP से किसान सुरक्षित।
  5. प्रश्न: राहुल ने सरकार को क्या चैलेंज दिया?
    उत्तर: FIR करो, प्रिविलेज मोशन लाओ, गाली दो, मैं किसानों के साथ खड़ा रहूँगा, एक इंच नहीं हटूँगा।

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