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बड़ी बहन की सुसाइड के 15 दिन बाद भाई-बहन ने वाराणसी होटल में क्यों दी जान?

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Hyderabad siblings suicide Varanas
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हैदराबाद के गणेश गौड़ (46) और धनलक्ष्मी (38) वाराणसी होटल में मृत मिले, बड़ी बहन अमला देवी की सुसाइड के 15 दिन बाद। कमरे में 6.6 लाख कैश, दवाइयां, सुसाइड नोट। पोस्टमॉर्टम से पुष्टि का इंतजार।

6.6 लाख कैश, दवाइयां और सुसाइड नोट: वाराणसी होटल हत्याकांड या सुसाइड?

वाराणसी होटल में भाई-बहन मृत: बड़ी बहन की सुसाइड के ठीक 15 दिन बाद

10 फरवरी 2026 को वाराणसी के सिगरा इलाके के सिटी इन होटल के कमरे नंबर 2005 में हैदराबाद के भाई-बहन के शव मिले। मृतक हैं गणेश गौड़ गुनलापल्ली (46) और उनकी बहन धनलक्ष्मी गुनलापल्ली (38), सिताफल मंडी, हैदराबाद-सिकंदराबाद के निवासी। पुलिस को चेकआउट टाइम पर कोई जवाब न मिलने पर होटल स्टाफ ने मास्टर की से कमरा खोला। दोनों शव बेड के पास पड़े थे, मुंह से खून बह रहा था। कमरे में खाली दवा की स्ट्रिप्स बिखरी हुईं, जहर खाने का शक है। पोस्टमॉर्टम के लिए शव भेजे गए, विसेरा सैंपल फोरेंसिक टेस्ट के लिए रखे।

8 फरवरी को आए थे काशी: बहन अमला देवी की अस्थियां बहाने

दोनों भाई-बहन 8 फरवरी को वाराणसी पहुंचे थे, मकसद था 28 जनवरी को हैदराबाद में सुसाइड करने वाली बड़ी बहन अमला देवी की अस्थियां गंगा में विसर्जित करना। लेकिन वे मंदिर या घाट पर ज्यादा नजर नहीं आए। होटल स्टाफ ने बताया कि तीन दिन से कमरे में ही रहे, बाहर कम निकले। चेकआउट के समय फोन न उठाने पर शक हुआ। कमरा अंदर से लॉक था, जबरदस्ती या फाइट के निशान न मिले। आधार, पैन, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस से पहचान हुई। 6.6 लाख कैश भी बरामद।

कजिन स्वरूप ने बताया फैमिली बैकग्राउंड: भावनात्मक तनाव

पुलिस ने डॉक्यूमेंट्स से कजिन स्वरूप को कॉन्टैक्ट किया। उन्होंने बताया कि बचपन में मां की मौत हो गई, तीन साल पहले पिता का निधन। उसके बाद तीनों बहन-भाई आर्थिक और भावनात्मक रूप से बड़ी बहन अमला देवी पर निर्भर थे। अमला की सुसाइड से दोनों टूट चुके थे। गणेश प्राइवेट फर्म में डेटा एनालिस्ट थे, दोनों अविवाहित। कोई सुसाइड नोट नहीं मिला लेकिन तनाव साफ दिखा। स्वरूप ने कहा परिवार पहले से ही अलग-थलग था।

माता-पिता का प्रेम विवाह: रिश्तेदारों से अलगाव की कहानी

रिश्तेदारों के मुताबिक माता-पिता ने प्रेम विवाह किया था, जिससे परिवार पट्टीदारों और रिश्तेदारों से कटा रहा। पिता मलेश गौड़ और मां की मौत के बाद बच्चे अकेले पड़ गए। रिश्तेदारों की अनदेखी से शादियां न हुईं। अमला ने शादी में बाधा बनने जैसी वजह से सुसाइड की। भाई-बहन डिप्रेशन में काशी आए, तेरहवीं के दिन जान दे दी। पुलिस ने कहा “Forgive Us” जैसा नोट मिला। यह फैमिली ट्रेजडी की सच्ची कहानी लगती है।

पुलिस जांच: CCTV, स्टाफ पूछताछ, कोई फाउल प्ले नहीं

DCP गौरव बंसल ने कहा प्राइमा फेसी सुसाइड लगता है, जहर से मौत। कोई जबरदस्ती या स्ट्रगल नहीं। कमरा लॉक, फोर्स्ड एंट्री निशान न। SHO संजय कुमार मिश्रा ने CCTV चेक कर रहे, स्टाफ से पूछताछ। सुसाइड नोट न मिला लेकिन दवाइयां बरामद। विसेरा रिपोर्ट से कन्फर्म होगा। फैमिली को सूचना दी। हैदराबाद पुलिस से कोऑर्डिनेशन। फिलहाल मर्डर एंगल नजर नहीं आया। आगे जांच जारी।

अमला देवी की सुसाइड: क्या था बैकग्राउंड?

28 जनवरी को हैदराबाद में अमला देवी ने घर पर सुसाइड कर लिया। रिश्तेदारों ने बताया शादी में बाधा बनने जैसी वजह। परिवार पहले से डिप्रेश्ड था। भाई-बहन अस्थियां बहाने वाराणसी आए लेकिन खुद ही खत्म कर लिया। यह चेन ऑफ सुसाइड्स फैमिली कोर से जुड़ी लगती है। पुलिस ने हैदराबाद जाकर फैमिली से बात की। अमला की मौत का केस भी सुसाइड ही था।

सुगरा थाना पुलिस का स्टैंड: सुसाइड ही लगता है

सुगरा पुलिस स्टेशन ने IPC की धाराओं में केस दर्ज किया लेकिन फाउल प्ले न होने से सुसाइड पर फोकस। कोई बाहरी संदेह नहीं। कैश बरामद होने से लूटपाट एंगल आउट। होटल सेफ्टी चेक होगी। परिवार ने सहयोग का भरोसा दिया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार। अगर कुछ नया मिला तो एंगल बदलेगा। फिलहाल ट्रेजिक एंडिंग।

फैमिली आइसोलेशन की सच्चाई: समाज में क्या सीख?

यह केस फैमिली ब्रेकडाउन की दर्दनाक मिसाल है। प्रेम विवाह से अलगाव, रिश्तेदारों की उदासीनता, आर्थिक तंगी, भावनात्मक सपोर्ट की कमी। तीनों बहन-भाई अविवाहित रहे। डिप्रेशन ने जान ले ली। समाज को सिखाता है मेंटल हेल्थ पर ध्यान दो। काउंसलिंग, फैमिली बॉन्डिंग जरूरी। काशी जैसे शहर में सुसाइड टूरिज्म रोकने को अलर्ट। परिवार ने अंतिम संस्कार का इंतजाम किया।

क्या होगा पोस्टमॉर्टम के बाद?

विसेरा रिपोर्ट से पॉइजनिंग कन्फर्म होगी। अगर कोई ट्विस्ट आया तो जांच तेज। फैमिली ने कहा भावनात्मक सदमा था। कोई बिजनेस या लव प्रॉब्लम नहीं। गणेश की जॉब स्टेबल थी। लेकिन अकेलापन ने तोड़ दिया। पुलिस ने क्लोजर रिपोर्ट की तैयारी। समाज के लिए वार्निंग।

FAQs (Hindi)

  1. प्रश्न: भाई-बहन कौन थे और कहाँ मरे?
    उत्तर: गणेश गौड़ (46) और धनलक्ष्मी (38), हैदराबाद के सिताफल मंडी; वाराणसी सिगरा के सिटी इन होटल रूम 2005 में।
  2. प्रश्न: बड़ी बहन अमला देवी की क्या हालत थी?
    उत्तर: 28 जनवरी को हैदराबाद में सुसाइड; अस्थियां बहाने भाई-बहन काशी आए थे।
  3. प्रश्न: कमरे में क्या मिला?
    उत्तर: खाली दवा स्ट्रिप्स, 6.6 लाख कैश, ID प्रूफ; सुसाइड नोट जैसा “Forgive Us”, कोई फाइट निशान नहीं।
  4. प्रश्न: पुलिस का शक क्या है?
    उत्तर: जहर से सुसाइड, पोस्टमॉर्टम और विसेरा रिपोर्ट से कन्फर्म; CCTV चेक, कोई फाउल प्ले नहीं।
  5. प्रश्न: फैमिली बैकग्राउंड क्या था?
    उत्तर: माता-पिता प्रेम विवाह से अलगाव, मां बचपन में मरी, पिता 3 साल पहले; रिश्तेदार अनदेखी, तीनों अविवाहित।
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