सुप्रीम कोर्ट ने अबू सलेम से पूछा- 2005 से 25 साल कैसे गिने? पुर्तगाल को दिए एक्सट्राडिशन वादे पर बहस। TADA केस में रिमिशन मिलेगा या नहीं? बंबई हाईकोर्ट के फैसले को चैलेंज। अगली सुनवाई 9 फरवरी।
पुर्तगाल समझौते का सच: अबू सलेम रिहाई की जिद पर अड़ा, सुप्रीम कोर्ट ने लौटाया 25 साल का हिसाब!
अबू सलेम को सुप्रीम कोर्ट का कड़ा सवाल: 25 साल की गणना कैसे की, रिमिशन गिनोगे तो बताओ
मुंबई 1993 सीरियल ब्लास्ट्स का कुख्यात गैंगस्टर अबू सलेम अबू कयूम अंसारी अपनी रिहाई के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचा। सोमवार को जस्टिस विक्रम नाथ और संदीप मेहता की बेंच ने उसके वकील से सवालों की बौछार कर दी। बेंच बोली, ‘सबसे पहले बताओ 2005 से 25 साल कैसे गिने? कस्टडी कब ली गई?’ वकील ने कहा 11 नवंबर 2005 को। फिर कोर्ट ने टोका, ‘रिमिशन मिलाकर गिन रहे हो? TADA कन्विक्शन में एक दिन की छूट मिलती है क्या?’ महाराष्ट्र जेल नियम दिखाने को कहा। मामला 9 फरवरी को टाला।
अबू सलेम पुर्तगाल से 2005 में लंबी कानूनी लड़ाई के बाद भारत एक्सट्राडिशन हुआ। शर्त ये थी कि उसे डेथ पेनल्टी नहीं होगी और 25 साल से ज्यादा जेल नहीं। 2017 में स्पेशल TADA कोर्ट ने उसे लाइफ सजा सुनाई। 2022 में सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि केंद्र पुर्तगाल वादा निभाए, 25 साल पूरे होने पर रिहा करे। बॉम्बे हाईकोर्ट ने जुलाई 2025 में प्राइमा फेसी कहा कि 25 साल बाकी हैं। सलेम ने हाईकोर्ट में रिलीज पिटीशन डाली, लेकिन इंटरिम रिलीफ न मिला।
सलेम का दावा है कि अंडरट्रायल कस्टडी, पोस्ट-कन्विक्शन टाइम और गुड बिहेवियर रिमिशन मिलाकर 25 साल हो गए। महाराष्ट्र गवर्नमेंट का कहना है सिर्फ 19 साल 5 महीने 18 दिन हुए। TADA एक्ट में रिमिशन पर रोक। जेल नियमों में टेरर केस में छूट नहीं। सुप्रीम कोर्ट ने 2022 में भी कहा था कि संप्रभु वादा निभाना जरूरी। लेकिन गणना पर विवाद।
अबू सलेम का अपराधी इतिहास खौफनाक। 1993 ब्लास्ट्स में 250 से ज्यादा मरे। प्रदीप जैन हत्याकांड में लाइफ। CBI, मुंबई पुलिस, दिल्ली पुलिस के कई केस। नासिक सेंट्रल जेल में बंद। हनीमून के दौरान पकड़ा गया। पुर्तगाल में शादी की, बेटी हुई। भारत आने पर गैंगस्टर बना।
अबू सलेम का अपराधी सफर: समयरेखा
- 1993: मुंबई ब्लास्ट्स में शामिल।
- 2002-2005: पुर्तगाल में गिरफ्तार, एक्सट्राडिशन लड़ाई।
- 11 नवंबर 2005: भारत आया।
- 2015: प्रदीप जैन मर्डर में लाइफ।
- 2017: ब्लास्ट्स में लाइफ।
- 2022: सुप्रीम कोर्ट का वादा वाला फैसला।
- 2025: बॉम्बे हाईकोर्ट रिजेक्ट।
- 2026: सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई।
सलेम के प्रमुख केस और सजाएं
| केस | साल | सजा | स्टेटस |
|---|---|---|---|
| 1993 मुंबई ब्लास्ट्स | 2017 | लाइफ | चल रही |
| प्रदीप जैन हत्या | 2015 | लाइफ | चल रही |
| अन्य CBI केस | विविध | विभिन्न | कुछ पूरे |
जेल समय गणना विवाद
- सलेम: अंडरट्रायल + कन्विक्शन + रिमिशन = 25+ साल।
- सरकार: 19 साल 5 माह, TADA में रिमिशन नो।
- कोर्ट: महाराष्ट्र नियम दिखाओ।
पुर्तगाल एक्सट्राडिशन शर्तें
- कोई डेथ पेनल्टी नहीं।
- 25 साल से ज्यादा जेल नहीं।
- भारत ने वादा किया।
कानूनी सवाल
सुप्रीम कोर्ट के पिछले फैसले
- 2022: जस्टिस संजय किशन कौल बेंच ने कहा केंद्र बाउंड।
- 2002: एक्सट्राडिशन अपहोल्ड।
जेल रिमिशन नियम
महाराष्ट्र में गुड कंडक्ट पर छूट। लेकिन TADA/POTA में सख्ती। टेररिस्ट को लेनiency नहीं। सलेम को 3 साल 16 दिन क्लेम।
अबू सलेम का बैकग्राउंड
महाराष्ट्र का गैंगस्टर। छोटू शकील का साथी। मुंबई अंडरवर्ल्ड। ब्लास्ट्स, हत्याएं। पुर्तगाल भागा। भारत लौटा तो लाइफ।
केस का महत्व
लोगों की प्रतिक्रिया
सोशल मीडिया पर गुस्सा। ‘रिहाई मत दो’ ट्रेंड। पीड़ित परिवार डर। लेकिन कानून सबका।
9 फरवरी को फैसला आएगा। रिमिशन नियम दाखिल करने को कहा। क्या सलेम बाहर आएगा? या जेल लाइफ भर? इंतजार।
5 अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
- अबू सलेम को 25 साल क्यों पूरे माने जा रहे?
एक्सट्राडिशन शर्त। पुर्तगाल को वादा कि 25 से ज्यादा नहीं। - सुप्रीम कोर्ट ने क्या सवाल पूछे?
2005 से 25 साल कैसे? TADA में रिमिशन मिलेगा? नियम दिखाओ। - बॉम्बे हाईकोर्ट ने क्या कहा?
25 साल बाकी। इंटरिम रिलीफ नो। - अगली सुनवाई कब?
9 फरवरी 2026। - सलेम के कितने लाइफ सेंटेंस?
कम से कम दो- ब्लास्ट्स और हत्या।
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