अनुकंपा नियुक्तियों को समय पर पूरा करने का सख्त निर्देश
धनबाद: झारखंड विधानसभा की सदाचार समिति ने सर्किट हाउस के सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। इस बैठक की अध्यक्षता समिति के सभापति रामचंद्र सिंह ने की, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में सिंदरी के विधायक सह समिति सदस्य चंद्रदेव महतो उपस्थित रहे।
बैठक का मुख्य एजेंडा विभिन्न सरकारी विभागों में लंबित अनुकंपा नियुक्तियों की समीक्षा करना और उनके त्वरित निष्पादन के लिए रूपरेखा तैयार करना था।
बैठक की मुख्य बातें (Highlights)
- स्थान: सर्किट हाउस सभागार, धनबाद।
- मुख्य उद्देश्य: अनुकंपा के आधार पर नौकरी के लंबित आवेदनों की समीक्षा और त्वरित निपटारा।
- अधिकारियों को निर्देश: पात्र आश्रितों को बिना किसी अनावश्यक देरी के समयबद्ध तरीके से नियुक्ति पत्र सौंपना सुनिश्चित करें।
बैठक में मौजूद प्रमुख अधिकारी
इस समीक्षा बैठक में जिले के विभिन्न विभागों के आला अधिकारियों ने हिस्सा लिया, जिनमें मुख्य रूप से शामिल थे:
- विकास पालीवाल (वन प्रमंडल पदाधिकारी)
- दिवाकर सी द्विवेदी (जिला परिवहन पदाधिकारी)
- नियाज़ अहमद (सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा)
- प्रवीण कुमार (सहायक श्रमायुक्त)
- इसके अलावा अन्य विभागों के नोडल अधिकारी भी बैठक में उपस्थित रहे।
समिति ने दिए कड़े निर्देश: “अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं”
बैठक के दौरान सदाचार समिति ने विभिन्न विभागों में अनुकंपा नियुक्ति के आवेदनों की फाइल-दर-फाइल विस्तृत समीक्षा की। लंबित मामलों की धीमी प्रगति पर चिंता जताते हुए समिति ने निम्नलिखित निर्देश जारी किए:
- समयबद्ध बहाली: सभी पात्र एवं योग्यता रखने वाले (अहर्ताधारी) लाभुकों के आवेदनों पर नियमों के तहत जल्द से जल्द विचार किया जाए और बहाली की प्रक्रिया को एक तय समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए।
- आश्रितों को न हो परेशानी: समिति ने स्पष्ट किया कि अनुकंपा नियुक्ति का उद्देश्य पीड़ित परिवार को तत्काल राहत देना है। इसलिए अधिकारियों को संवेदनशील रवैया अपनाते हुए मामलों का त्वरित निष्पादन करना होगा ताकि आश्रितों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें।
Leave a comment