Home झारखण्ड रांची: JPSC-JSSC धांधली के खिलाफ डटे छात्र नेता देवेंद्र महतो ने तोड़ा ‘वाटर फास्ट’, सोनम वांगचुक से लाइव बात के बाद मानी अपील; भूख हड़ताल जारी
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रांची: JPSC-JSSC धांधली के खिलाफ डटे छात्र नेता देवेंद्र महतो ने तोड़ा ‘वाटर फास्ट’, सोनम वांगचुक से लाइव बात के बाद मानी अपील; भूख हड़ताल जारी

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रांची: झारखंड में JPSC और JSSC CGL समेत विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित धांधली और पेपर लीक के विरोध में जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में अनिश्चितकालीन सत्याग्रह पर बैठे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने अपना ‘वाटर फास्ट’ (निर्जला उपवास) समाप्त कर दिया है। अनशन के चौथे दिन प्रसिद्ध पर्यावरणविद और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के साथ हुई वीडियो कॉल के बाद उन्होंने पानी ग्रहण किया, हालांकि उनकी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल (अन्न त्याग) अभी भी जारी है।

सोनम वांगचुक की अपील और स्वास्थ्य संबंधी चेतावनी

चौथे दिन भी बिना अन्न-जल के उपवास पर बैठे देवेंद्र महतो की सेहत बिगड़ने पर चिकित्सकों ने उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराने की चेतावनी दी थी। इसके बाद सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने सीधे वीडियो कॉल के जरिए देवेंद्र से बात की। वांगचुक ने उनके संघर्ष की सराहना करते हुए कहा, “कृपया थोड़ा पानी पी लीजिए; बिना जल के रहना जोखिम भरा है। इस लड़ाई में थोड़ा समय लग सकता है, लेकिन मुझे उम्मीद है कि सरकार जल्द ही छात्रों की बात समझेगी और उचित फैसला लेगी।”

सोनम वांगचुक के इस आग्रह और मनोबल बढ़ाने वाले शब्दों के बाद देवेंद्र महतो ने जल स्वीकार किया। इसके साथ ही उन्होंने वांगचुक से रांची आकर झारखंड के आंदोलनकारी छात्रों का उत्साहवर्धन करने का विनम्र निवेदन भी किया।

“26 सालों से जारी धांधली के खिलाफ जारी रहेगा सत्याग्रह”

जल ग्रहण करने के बाद देवेंद्र नाथ महतो ने स्पष्ट किया कि उनका सत्याग्रह और अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल अपने संकल्प के साथ अनवरत जारी रहेगी। उन्होंने कहा:

“हम 25 जुलाई से सत्याग्रह कर रहे हैं और 2 अगस्त से मैं अनिश्चितकालीन अनशन पर हूँ। राज्य में पिछले 26 वर्षों से लगातार पेपर लीक की घटनाएं हो रही हैं, जिससे युवाओं का भविष्य गर्त में जा रहा है। जब तक प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता और न्याय सुनिश्चित नहीं होता, हमारा आंदोलन पीछे नहीं हटेगा।”

कौन हैं छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो?

  • शिक्षा व पृष्ठभूमि: रांची के ग्रामीण परिवेश से आने वाले देवेंद्र नाथ महतो ने बुंडू से स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी यूनिवर्सिटी (रांची) से उच्च शिक्षा प्राप्त की। उनके पास संस्कृत, कुरमाली व क्षेत्रीय भाषाओं में स्नातकोत्तर (PG) तथा हजारीबाग से B.Ed. की डिग्री है।
  • राजनीतिक एवं सामाजिक सफर: झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के बैनर तले देवेंद्र महतो ने 2024 के लोकसभा चुनाव में रांची सीट से 1,32,647 वोट हासिल किए थे। इसके बाद 2024 के झारखंड विधानसभा चुनाव में भी वे 41,725 मत पाकर तीसरे स्थान पर रहे थे।
  • आंदोलनकारी छवि: चुनावी हलफनामे के अनुसार लगभग 1.66 लाख रुपये की सीमित संपत्ति वाले देवेंद्र महतो छात्रों के अधिकारों और प्रतियोगी परीक्षाओं में सुधार की मांग को लेकर निरंतर मुखर रहे हैं। विभिन्न छात्र आंदोलनों का नेतृत्व करने के कारण उन पर करीब 11 मामले दर्ज हैं।

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Written by
Yudhishthir Mahato

युधिष्ठिर महतो | पत्रकार एवं लेखक युधिष्ठिर महतो वर्ष 2017 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय पत्रकार, लेखक, गीतकार और जनसंपर्क पेशेवर हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत रिपोर्टर के रूप में की और समाचार पत्रों, न्यूज़ पोर्टलों तथा टीवी चैनलों में काम करते हुए मीडिया के विभिन्न प्रारूपों में अनुभव हासिल किया। वे झारखंड क्रांति खबर में उप-संपादक के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। वर्तमान में वे पत्रकारिता के साथ जनसंपर्क एवं संचार कार्य से जुड़े हैं और धनबाद तथा झारखंड से संबंधित सामाजिक, राजनीतिक, प्रशासनिक एवं जनसरोकार के मुद्दों पर लगातार लिखते हैं। Aaryaa News पर उनके नाम से प्रकाशित खबरों में स्थानीय घटनाक्रम से लेकर राज्य की महत्वपूर्ण राजनीतिक एवं सामाजिक गतिविधियां शामिल हैं। उन्होंने बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में एम.ए. किया है। पत्रकारिता के साथ उन्हें साहित्य और रचनात्मक लेखन में भी विशेष रुचि है। वे हिंदी और खोरठा में गीत एवं कविताएं लिखते हैं और उनके लिखे कई गीत विभिन्न ऑडियो प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं। पत्रकारिता, जनसंपर्क और रचनात्मक लेखन—इन तीनों क्षेत्रों में सक्रियता युधिष्ठिर महतो की पेशेवर पहचान को अलग आयाम देती है।

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