Home झारखण्ड खान व खनिज संशोधन कानून के विरोध में झामुमो : धनबाद में बनी चरणबद्ध आंदोलन की रणनीति
झारखण्डराजनीतिराज्य

खान व खनिज संशोधन कानून के विरोध में झामुमो : धनबाद में बनी चरणबद्ध आंदोलन की रणनीति

Share
jmm-dhanbad-protest-mines-minerals-act-2026
Share

खान व खनिज अधिनियम 2026 के खिलाफ झामुमो का बिगुल : 31 अगस्त से पंचायत जनजागरण, 7 सितंबर को प्रखंडों में विशाल प्रदर्शन

धनबाद। केंद्र सरकार द्वारा पारित ‘खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन अधिनियम, 2026’ के विरोध में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने धनबाद जिले में व्यापक जनआंदोलन की रणनीति तैयार कर ली है। कुर्मीडीह स्थित झामुमो जिला कार्यालय में आयोजित एक महत्वपूर्ण विस्तारित बैठक में निर्णय लिया गया कि पार्टी इस कानून के विरोध में पंचायत और गांव स्तर तक जन-जागरूकता अभियान चलाएगी।

बैठक की अध्यक्षता जिला उपाध्यक्ष मुकेश सिंह ने की तथा संचालन जिला सचिव मन्नू आलम ने किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से झारखंड सरकार के मुख्य सचेतक सह टुंडी विधायक मथुरा प्रसाद महतो उपस्थित रहे।

आंदोलन का चरणबद्ध कार्यक्रम

झामुमो नेतृत्व ने आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से धरातल पर उतारने का निर्णय लिया है:

  • 30 अगस्त: जिले के सभी प्रखंड एवं नगर स्तर पर बैठक आयोजित कर आंदोलन की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जाएगा।
  • 31 अगस्त से: प्रत्येक पंचायत और गांव में घर-घर जाकर व्यापक जनजागरण अभियान चलाया जाएगा।
  • 7 सितंबर 2026: जिले के सभी प्रखंडों एवं नगर क्षेत्रों में विशाल विरोध-प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा।

“राज्य के अधिकारों से समझौता मंजूर नहीं”: मथुरा प्रसाद महतो

बैठक को संबोधित करते हुए विधायक मथुरा प्रसाद महतो ने कहा कि झारखंड की खनिज संपदा केवल प्राकृतिक संसाधन नहीं, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था, रोजगार और लोगों के भविष्य का आधार है। केंद्र सरकार के ऐसे किसी भी कानून का झामुमो लोकतांत्रिक तरीके से पुरजोर विरोध करेगा, जो राज्य के अधिकारों पर असर डालता हो।

“यह लड़ाई झारखंड के अधिकारों और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की लड़ाई है। कार्यकर्ता पंचायत स्तर पर जाकर जनता को जागरूक करें और 7 सितंबर के विरोध-प्रदर्शन को ऐतिहासिक बनाएं।” — मथुरा प्रसाद महतो

नेताओं के प्रमुख वक्तव्य

  • मुकेश सिंह (जिला उपाध्यक्ष): “झारखंड ने देश के विकास के लिए हमेशा अपने प्राकृतिक संसाधन दिए हैं, लेकिन अब इन संसाधनों पर पहला हक झारखंड की जनता का होना चाहिए। 31 अगस्त से शुरू होने वाला अभियान जनता को उसके हक के प्रति जागरूक करने का अभियान है।”
  • मन्नू आलम (जिला सचिव): “झामुमो की नींव जल, जंगल, जमीन की रक्षा पर टिकी है। इस आंदोलन को केवल जिला मुख्यालय तक सीमित न रखकर गांव-गांव तक ले जाया जाएगा। 7 सितंबर को प्रखंड स्तर पर केंद्र सरकार के खिलाफ मजबूत आवाज बुलंद की जाएगी।”

प्रमुख रूप से उपस्थित पदाधिकारी

बैठक में केंद्रीय सदस्य रमेश टुडू, जग्गू महतो, क़ाज़ी सिराज अहमद, सुखलाल मरांडी, तस्लीम अंसारी, पूर्व मेयर चंद्र शेखर अग्रवाल, जिला उपाध्यक्ष अजय रवानी, अकबर अंसारी, कालीचरण महतो, जिला प्रवक्ता समीर रवानी, कोषाध्यक्ष किशोर मुर्मू, महानगर अध्यक्ष मंटू चौहान, महिला मोर्चा अध्यक्ष मीना हेम्ब्रम सहित सैकड़ों की संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे।

Share
Written by
Yudhishthir Mahato

युधिष्ठिर महतो | पत्रकार एवं लेखक युधिष्ठिर महतो वर्ष 2017 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय पत्रकार, लेखक, गीतकार और जनसंपर्क पेशेवर हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत रिपोर्टर के रूप में की और समाचार पत्रों, न्यूज़ पोर्टलों तथा टीवी चैनलों में काम करते हुए मीडिया के विभिन्न प्रारूपों में अनुभव हासिल किया। वे झारखंड क्रांति खबर में उप-संपादक के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। वर्तमान में वे पत्रकारिता के साथ जनसंपर्क एवं संचार कार्य से जुड़े हैं और धनबाद तथा झारखंड से संबंधित सामाजिक, राजनीतिक, प्रशासनिक एवं जनसरोकार के मुद्दों पर लगातार लिखते हैं। Aaryaa News पर उनके नाम से प्रकाशित खबरों में स्थानीय घटनाक्रम से लेकर राज्य की महत्वपूर्ण राजनीतिक एवं सामाजिक गतिविधियां शामिल हैं। उन्होंने बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में एम.ए. किया है। पत्रकारिता के साथ उन्हें साहित्य और रचनात्मक लेखन में भी विशेष रुचि है। वे हिंदी और खोरठा में गीत एवं कविताएं लिखते हैं और उनके लिखे कई गीत विभिन्न ऑडियो प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं। पत्रकारिता, जनसंपर्क और रचनात्मक लेखन—इन तीनों क्षेत्रों में सक्रियता युधिष्ठिर महतो की पेशेवर पहचान को अलग आयाम देती है।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

NAMASTE Scheme Success Story: सीवर सफाई से ‘स्वच्छता उद्यमी’ बनने तक गाजियाबाद के अजय की कहानी

केंद्र सरकार की 'नमस्ते योजना' से स्वच्छता कर्मी अजय बने उद्यमी। जानें...

झारखंड भारतनेट फेज़-3 : 26,777 गांवों में पहुंचेगा हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड

झारखंड सरकार और भारत सरकार ने संशोधित भारतनेट कार्यक्रम (Phase-III) के लिए...