Home झारखण्ड एसआईआर की प्रक्रिया में सभी नागरिक निभाएं सक्रिय भागीदारी।
झारखण्डराज्य

एसआईआर की प्रक्रिया में सभी नागरिक निभाएं सक्रिय भागीदारी।

Share
All citizens should play active part in the process of SIR.
Share

धनबाद । भारतवर्ष में 9वीं बार हो रहे विशेष ग्रहण पुनरीक्षण (एसआईआर) मतदाता सूची को अद्यतन एवं शुद्ध करने की महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। उपायुक्त सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी आदित्य रंजन ने जिले के सभी नागरिकों से एसआईआर की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की है।

एसआईआर पर विस्तृत प्रकाश डालते हुए बताया कि वर्ष 1951 से 2004 तक यह प्रक्रिया आठ बार सफलतापूर्वक आयोजित की जा चुकी है। यह एक नियमित, पारदर्शी और संवैधानिक प्रक्रिया है। झारखंड में अंतिम एसआईआर वर्ष 2003 में की गई थी।

भारतीय संविधान के अनुच्छेद 326 के तहत यदि कोई व्यक्ति भारत का नागरिक है, उसकी आयु 18 वर्ष या उससे अधिक है तथा वह संबंधित निर्वाचन क्षेत्र का निवासी है, तो वह मतदाता सूची में पंजीकरण के लिए पात्रता रखता है।

उन्होंने एसआईआर को लेकर अफवाहों से सावधान रहने का अनुरोध किया है। कहा कि सोशल मीडिया, अपुष्ट संदेश या सुनी सुनाई बातों पर विश्वास न करें। अधूरी जानकारी लोगों में अनावश्यक रूप से डर और भ्रम पैदा करती है। इसकी सही जानकारी के लिए चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट eci.gov.in, सीईओ झारखंड के आधिकारिक वेबसाइट ceo.jharkhand.gov.in, सीईओ झारखंड के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, 1950 या सीईओ ऑफिस के टॉल फ्री नंबर 1800 331 1950 पर कॉल करके या बीएलओ से संपर्क कर प्राप्त की जा सकती है।

Share
Written by
Yudhishthir Mahato

युधिष्ठिर महतो | पत्रकार एवं लेखक युधिष्ठिर महतो वर्ष 2017 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय पत्रकार, लेखक, गीतकार और जनसंपर्क पेशेवर हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत रिपोर्टर के रूप में की और समाचार पत्रों, न्यूज़ पोर्टलों तथा टीवी चैनलों में काम करते हुए मीडिया के विभिन्न प्रारूपों में अनुभव हासिल किया। वे झारखंड क्रांति खबर में उप-संपादक के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। वर्तमान में वे पत्रकारिता के साथ जनसंपर्क एवं संचार कार्य से जुड़े हैं और धनबाद तथा झारखंड से संबंधित सामाजिक, राजनीतिक, प्रशासनिक एवं जनसरोकार के मुद्दों पर लगातार लिखते हैं। Aaryaa News पर उनके नाम से प्रकाशित खबरों में स्थानीय घटनाक्रम से लेकर राज्य की महत्वपूर्ण राजनीतिक एवं सामाजिक गतिविधियां शामिल हैं। उन्होंने बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में एम.ए. किया है। पत्रकारिता के साथ उन्हें साहित्य और रचनात्मक लेखन में भी विशेष रुचि है। वे हिंदी और खोरठा में गीत एवं कविताएं लिखते हैं और उनके लिखे कई गीत विभिन्न ऑडियो प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं। पत्रकारिता, जनसंपर्क और रचनात्मक लेखन—इन तीनों क्षेत्रों में सक्रियता युधिष्ठिर महतो की पेशेवर पहचान को अलग आयाम देती है।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

NAMASTE Scheme Success Story: सीवर सफाई से ‘स्वच्छता उद्यमी’ बनने तक गाजियाबाद के अजय की कहानी

केंद्र सरकार की 'नमस्ते योजना' से स्वच्छता कर्मी अजय बने उद्यमी। जानें...

झारखंड भारतनेट फेज़-3 : 26,777 गांवों में पहुंचेगा हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड

झारखंड सरकार और भारत सरकार ने संशोधित भारतनेट कार्यक्रम (Phase-III) के लिए...